: हिंदू राष्ट्र को लेकर संताें ने जगद्गुरू परमहंसाचार्य का किया सम्मान
Wed, Apr 20, 2022
वृंदावन धाम के आचार्य महामंडलेश्वर श्रीमहंत धर्मेंद्र गिरि व महाराष्ट्र से महामंडलेश्वर श्रीमहंत एकनाथ गिरि तपस्वी छावनी पर जगद्गुरू को किया सम्मानित
अयाेध्या। हिंदू राष्ट्र की मुहिम चलाने वाले तपस्वी छावनी पीठाधीश्वर जगद्गुरू परमहंस आचार्य का संताें ने सम्मान किया। बुधवार काे वृंदावन धाम के आचार्य महामंडलेश्वर श्रीमहंत धर्मेंद्र गिरि और महाराष्ट्र से महामंडलेश्वर श्रीमहंत एकनाथ गिरि अयाेध्या पहुंचे। जहां उन्होंने तपस्वी छावनी जाकर परमहंस आचार्य काे सम्मानित किया।
इस अवसर पर जगद्गुरू परमहंस आचार्य ने कहा कि देश काे हिंदू राष्ट्र घाेषित कराने के लिए सर्वप्रथम मैंने आवाज उठायी। साथ ही 16 दिनाें तक आमरण-अनशन भी किया। आज हिंदू राष्ट्र की मांग देश के हर काेने में उठ रही है। इसके लिए साधु-संत व हिंदू जनमानस मुहिम चला रहा है। हिंदू राष्ट्र घाेषित कराने के लिए एक दिन हम साै कराेड़ मिलकर सड़काें पर उतरेंगे। केंद्र सरकार भारत काे हिंदू राष्ट्र घाेषित करेगी। देश 2024 तक हिंदू राष्ट्र घाेषित हाे। इसके लिए 29 प्रदेशाें में हम लाेग अभियान चला रहे हैं। उन्होंने कहा कि जिस दिन भारत हिंदू राष्ट्र घाेषित हाे जायेगा। उस दिन देश विरोधी ताकतें अपने आप छंट जायेंगी। इसके बाद रामराज्य का अभ्युदय हाे जायेगा।
वहीं श्रीमठ महेश्वर धाम वृंदावन के आचार्य महामंडलेश्वर श्रीमहंत धर्मेंद्र गिरि ने कहा कि हिंदू राष्ट्र के समर्थन में हम लोग महाराज श्री के साथ जुड़े हुए हैं। उनकी प्रेरणा से महेश्वर धाम वृंदावन में अखंड धूनी के सामने 11 मार्च 2022 से श्रीराम महायज्ञ शुरू हुआ है, जिसका शुभारंभ स्वयं जगद्गुरू परमहंस आचार्य ने किया है। श्रीराम महायज्ञ में 1008 ब्राह्मण प्रतिदिन नियमित आहुति डाल रहे हैं। यह महायज्ञ भारत के हिंदू राष्ट्र घाेषित हाेने तक जारी रहेगा।
महामंडलेश्वर श्रीमहंत एकनाथ गिरि महाराष्ट्र ने कहा कि हम साधु-संत व हिंदू जनमानस जगद्गुरू परमहंस आचार्य के समर्थन में हैं। उनकी हिंदू राष्ट्र की मांग जायज है। भारत जल्द से जल्द हिंदू राष्ट्र घाेषित हाेना चाहिए। यह मांग हमारी माेदी सरकार से है।
: संत परम्परा की अनमोल कड़ी थे महंत रामसुखित दास: महंत गौरीशंकर
Tue, Apr 19, 2022
प्रथम पुण्यतिथि पर भव्य मूर्ति प्राण प्रतिष्ठा के साथ शिरोधार्य हुए महंत रामसुखित दास फलाहारी जी महाराज
अवध बिहारी कुंज मंदिर में जुटें पूरे भारत के साधु संत
अयोध्या। राम नगरी के बेगमपुरा स्थित श्री अवध बिहारी कुंज मंदिर की पूर्वाचार्य महंत रामसुखित दास फलाहारी जी महाराज की प्रथम पुत्र की समारोह बड़े ही हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। समारोह में आज फलाहारी जी महाराज की भव्य दिव्य मूर्ति प्राण प्रतिष्ठा किया गया। हवन पूजन के साथ रामनगरी समेत पूरे भारत से आये संतों का समागम हुआ। जिसमें संतों ने अपनी वाक्यमयी पुष्पांजलि भी अर्पित की। कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद के प्रवक्ता महंत गौरीशंकर दास महाराज ने कहा कि महंत रामसुखित दास फलाहारी महाराज संत परम्परा की अनमोल कड़ी थे। आजे हुए संतो ने अपने अपने विचार रखें। कार्यक्रम का संचालन महंत पवन कुमार दास शास्त्री जी ने किया। कार्यक्रम के संयोजक अवध बिहारी कुंज के महंत गणेश दास महाराज ने बताया कि गुरुदेव महाराज की प्रथम पुण्यतिथि समारोह बड़े ही श्रद्धा भाव के साथ गया। यह कार्यक्रम दो दिवसीय था जिसका आज समापन हो गया। गुरुदेव महाराज की भव्य मूर्ति प्राण प्रतिष्ठा हुई। उन्होंने कहा कि गुरुदेव भगवान भजनानंदी संत थे। हमेशा भजन में तल्लीन रहा करते थे। यहा समारोह उनके आशीर्वाद से सम्पन्न हुआ।दो दिवसीय पुण्यतिथि समारोह का आज बड़े ही सादगी के साथ समापन हो गया। संत समागम के बाद वृहद भंडारे का आयोजन किया गया। जिसमें रामनगरी के सभी संत महंत शामिल हुए। आये हुए अतिथियों का स्वागत मंदिर के वर्तमान महंत गणेश दास जी महाराज ने किया।कार्यक्रम में राजस्थान, मध्यप्रदेश,उत्तर प्रदेश, गुजरात समेत पूरे भारत से शिष्य परिकर आये हुए थे।
: महंत रामसुखित दास फलाहारी महाराज की प्रथम पुण्यतिथि समारोह शुरू
Mon, Apr 18, 2022
मंदिर से निकली भव्य शोभायात्रा, शोभायात्रा में हनुमानगढ़ी के शाही निशान रहे आकर्षक का केंद्र
सोमवार को वैदिक आचार्यों द्वारा होगा हवन पूजन, मूर्ति प्राण प्रतिष्ठा का मुख्य उत्सव भी आज, संतो का होगा जमावड़ा
अयोध्या। राम नगरी के बेगमपुरा स्थित श्री अवध बिहारी कुंज मंदिर की पूर्वाचार्य महंत रामसुखित दास फलाहारी जी महाराज की प्रथम पुत्र की समारोह बड़े ही हर्षोल्लास के साथ मनाया जा रहा है। इस मौके पर दो दिवसीय कार्यक्रम का आयोजन किया गया है। पुण्यतिथि पर पूर्वाचार्य की भव्य मूर्ति प्राण समारोह हो रहा है। कार्यक्रम का शुभारंभ आज शोभायात्रा से हुआ।यह पूरा महोत्सव मंदिर के वर्तमान पीठाधीश्वर महंत गणेश दास महाराज के संयोजन में हो रहा है। कार्यक्रम के प्रथम प्रथम दिन मंदिर से भव्य शोभायात्रा गाजेबाजे के साथ निकली। इस शोभायात्रा की दिव्यता और भव्या प्रसिद्ध पीठ श्री हनुमानगढ़ी के शाही निशान बड़ा रहे थे। शोभायात्रा शाही निशान के साथ निकली। शोभायात्रा नगर भ्रमण करते हुए मां सरयू के पावन पर पहुंची।जहां पर वैदिक आचार्यों द्वारा विधिवत मां सरयू का पूजन अभिषेक किया गया। इसके बाद शोभायात्रा पुनः मंदिर वापस आई। शोभा यात्रा की भव्यता दिव्यता की चर्चा रामनगरी में चारो तरह रहा। कार्यक्रम के संयोजक अवध बिहारी कुंज के महंत गणेश दास महाराज ने बताया कि गुरुदेव महाराज की प्रथम पुण्यतिथि समारोह बड़े ही श्रद्धा भाव के साथ मनाया जा रहा है। यह कार्यक्रम दो दिवसीय है। इसमें गुरुदेव महाराज की भव्य मूर्ति प्राण प्रतिष्ठा हो रहा है। इसका समापन वृहद भंडारे के साथ होगा। उन्होंने कहा कि गुरुदेव भगवान भजनानंदी संत थे। हमेशा भजन में तल्लीन रहा करते थे। यहा समारोह उनके आशीर्वाद से ही हो रहा है। कार्यक्रम में सुंदरकांड का पाठ,भजन संध्या व रात्रि जागरण का भी आयोजन किया गया है। कार्यक्रम में सोमवार को वैदिक आचार्यों द्वारा हवन पूजन वा मूर्ति प्राण प्रतिष्ठा किया जायेगा। उसके बाद राम नगरी समेत पूरे भारत से आए संत धर्माचार्यों का स्वागत अभिनंदन होगा। कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, गुजरात, महाराष्ट्र समेत पूरे भारत से शिष्य परिकर आये हुए है।