: भगवान श्रीराम और सीता को सोने का मुकुट,छत्र,कुंडल और हार पहनायेंगे सीएम योगी
Wed, Nov 22, 2023
कोटा के 7 कारीगरों ने इन आभूषणों को 15 दिनों में तैयार किया
बड़ा भक्तमाल तपस्या की दृष्टि से अयोध्या का परम वैभवशाली आश्रम है, यहां निरंतर भगवान और उनके भक्तों के साथ गो सेवा का प्रकल्प समृद्ध रहा है: रसिक पीठाधीश्वर
अयोध्या। 24 नवंबर को रामनगरी के बड़ा भक्त माल मंदिर के साकेतवासी आचार्य रामशरण दास की पुण्यतिथि में शामिल होने के लिए सीएम योगी आदित्यनाथ आऐंगे अयोध्या। वे इस अवसर पर मंदिर के गर्भगृह में विराजमान भगवान श्रीराम और सीता को सोने का मुकुट,छत्र,कुंडल और हार आदि अपने हाथों से पहनाऐंगे। बड़ा भक्त माल पीठाधीश्वर स्वामी महंत अवधेश कुमार दास ने बताया कि कोटा के 7 कारीगरों ने इन आभूषणों को 15 दिनों में तैयार किया है। उन्होंने कहा कि हमारा इस संसार में कुछ भी नहीं है। सब कुछ उस परमात्मा का दिया हुआ ही है। ये सब तो उन्हीं का दिया हुआ ही उसे समर्पित कर रहे हैं। यह जो हमारा संकल्प और प्रयास है। उसके पीछे भी भगवान सीताराम की ही शक्ति है। बड़ा स्थान जानकी घाट रसिक पीठाधीश्वर महंत जनमेजय शरण महाराज ने कहा कि बड़ा भक्तमाल तपस्या की दृष्टि से अयोध्या का परम वैभवशाली आश्रम है। यहां निरंतर भगवान और उनके भक्तों के साथ गो सेवा का प्रकल्प समृद्ध रहा है। सीएम योगी आदित्ययनाथ महाराज का अयोध्या और आश्रम के वयोवृद्ध महंत से गहरा लगाव है। वे अयोध्या आने पर उनका हाल लेने जरूर आश्रम आते हैं। यह सीएम का संतों के प्रति लगाव है। उनकी इस कृपा के लिए हम अयोध्या के संत उनके आभारी हैं।
बड़ा भक्तमाल के महंत अवधेश कुमार दास ने बताया कि भगवान के सोने का मुकुट और कुंडल आदि को मंदिर से जुड़े भक्तों के सहयोग से तैयार कराया गया है। इसके लिए उनके हाथ में पड़ी सोने की अगूंठी देख कर विचार आया। विचार यह हुआ कि शरीर शांत होने पर यह अंगूठी निकाल कर लोग ले लेंगे। हाथ से नहीं निकलेगा तो काट कर निकाल लेंगे।उन्होंने बताया कि शरीर की नश्वरता का आत्म बोध होने के बाद से यह संकल्प था जो कि भक्तों के सहयोग से पूरा होने जा रहा है। इस आभूषणों के निर्माण में चांदी के साथ एक किलो से ज्यादा सोना लगा है। राम मंदिर आंदोलन के अग्रणी संत और बड़ा भक्तमाल के बड़े महंत कौशल किशोर दास की इच्छा पर सीएम योगी आदित्यनाथ 24 नंवबर के कार्यक्रम में पूर्वान्ह 11 बजे से दोपहर 12 बजे तक एक घंटे का समय देंगे।
: जगद्गुरु परमहंस आचार्य ने अनशन को किया समाप्त
Tue, Nov 21, 2023
जानकीघाट बड़ास्थान के रसिक पीठाधीश्वर महंत जन्मेजयशरण, बड़ा भक्तमाल पीठाधीश्वर महंत अवधेशदास, निर्वाणी अनी के श्रीमहंत मुरलीदास, संकटमोचन सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष महंत संजयदास, हनुमानगढ़ी से जुड़े महंत राजेश पहलवान, महंत सत्यदेवदास, वरिष्ठ पुजारी हेमंतदास ने पिलाया पंचामृत
अयोध्या। हिंदू राष्ट्र के लिए अन्न-जल त्याग कर 14 दिनों से अपने आश्रम तपस्वी जी की छावनी में अनशनरत जगद्गुरु परमहंस आचार्य ने अपना अनशन समाप्त किया। उन्हें जानकीघाट बड़ास्थान के रसिक पीठाधीश्वर महंत जन्मेजयशरण, बड़ा भक्तमाल पीठाधीश्वर महंत अवधेशदास, निर्वाणी अनी के श्रीमहंत मुरलीदास, संकटमोचन सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष महंत संजयदास, हनुमानगढ़ी से जुड़े महंत राजेश पहलवान, महंत सत्यदेवदास, वरिष्ठ पुजारी हेमंतदास, शिवम श्रीवास्तव सहित धर्माचायों के शीर्ष प्रतिनिधि मंडल ने पंचामृत पिला कर उनका अनशन समाप्त कराया। इस अवसर पर परमहंस आचार्य ने कहा, 22 जनवरी को नवनिर्मित मंदिर में रामलला के विग्रह की प्राण प्रतिष्ठा को ध्यान में रख कर और संतों के आग्रह पर उन्होंने अपना अनशन खत्म किया है। वह रामलला के विग्रह की प्राण प्रतिष्ठा के बाद हिंदू राष्ट्र के लिए व्यापक जनांदोलन छेड़ेंगे। रसिक पीठाधीश्वर महंत जन्मेजयशरण ने कहा, रामलला के विग्रह की प्राण प्रतिष्ठा एक प्रकार से राम राज्य की आधारशिला है और इस अवसर पर किसी संत का अनशन करना असह्य था, हम परमहंस आचार्य के प्रति आभारी हैं कि उन्होंने संतों के प्रतिनिधि मंडल के आग्रह को स्वीकार करते हुए अनशन समाप्त किया।
: संतगोपालाचार्य महाराज की 12वीं पुण्यतिथि पर संतों ने किया नमन
Tue, Nov 21, 2023
अयोध्या। जगतगुरु रामानुजाचार्य स्वामी कुरेशाचार्य महाराज के संयोजन में स्वामी संतगोपालाचार्य महाराज की 12वीं पुण्यतिथि पर ऋणमोचन घाट स्थित संतगोपालाचार्य धाम आश्रम मे संतो महंतों ने साकेतवासी महाराज को श्रद्धांजलि अर्पित की। जगतगुरु रामानुजाचार्य स्वामी वासुदेवाचार्य महाराज ने कहा कि श्रीमहाराज रामनगरी के सिद्ध संत थे जो निरंतर ठाकुर जी की भजन करते रहते थे। आज उन्हीं के आशीर्वाद से उनके शिष्य स्वामी कुरेशाचार्य महाराज निरंतर सेवाएं कर रहे है। इस अवसर पर जगतगुरु रामानुजाचार्य स्वामी वासुदेवाचार्य महाराज, मणिराम दास छावनी के उत्तराधिकारी महंत कमलनयनदास, जानकी घाट बड़ा स्थान के महंत जन्मेजयशरण, विश्वविराट विजय राघव के महामंडलेश्वर नरसिंह दास, बड़ा भक्त माल के महंत अवधेश कुमार दास, संत एमबी दास सहित सैकड़ो संतों महंतों ने श्रद्धांजलि अर्पित की।