: श्री महंत रामविलास दास जी सेवा को ही धर्म मानते थे: महंत परशुराम दास
बमबम यादव
Sat, Dec 2, 2023
संकट मोचन हनुमान किला मंदिर के संस्थापक आचार्य को संतों ने किया नमन
अयोध्या। सिद्ध पीठ संकट मोचन हनुमान किला मंदिर के संस्थापक साकेत वासी श्री महंत रामविलास दास जी महाराज की आठवीं पुण्यतिथि श्री महंत रामदास व महंत परशुराम दास महाराज के संयोजन में हर्षोल्लास के साथ मनाई गई। श्री महाराज जी के पुण्यतिथि के अवसर पर सुंदरकांड का पाठ और श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया गया। खाक चौक और संकट मोचन हनुमान किला मंदिर के महंत परशुराम दास जी महाराज ने बताया कि श्री महाराज जी बाईपास पर आश्रम बनाकर के संतो असहाय व गरीबों की सेवा में तत्पर रहते थे और सेवा को ही धर्म मानते थे। हमेशा अपने शिष्यों भक्तों को सेवा का ही धर्म माननीय का उपदेश दिया करते थे। श्री महाराज जी भजन में तल्लीन रहते थे।
श्री महाराज ने बताया कि सेवा धर्म मानते थे और हमेशा शिष्यों को बताते रहते थे कि परमात्मा के मिलने का सबसे सरल रास्ता परमार्थ निस्वार्थ भाव से सेवा ही है। श्री महाराज जी बाईपास के किनारे रहते थे जो भी गरीब असहाय भूला भटका आश्रम में पहुंचा था सब की सेवा निस्वार्थ भाव से करते थे। श्री महाराज जी के आठवीं पुण्यतिथि पर अयोध्या के संतो ने भाव रूपी श्रद्धांजलि अर्पित की। श्री महाराज जी को खाकचौक के श्री मंहत बृजमोहन दास ,खाकचौक मुख्य पुजारी रामचरण दास,दिगंबर अखाड़ा के महंत सुरेश दास, दिगंबर अनी अखाड़ा श्री महंत मुरली दास, संकट मोचन सेवा के राष्ट्रीय अध्यक्ष महंत संजय, महंत बलराम दास, महंत राम कुमार दास,राजेश पहलवान हनुमानगढ़ी, महंत आशुतोष दास,बाल योगी महंत रामदास, बालयोगी महंत विनोद दास, रामायण महंत कमला दास, राघव दास, महंत मनीष दास, हनुमानगढ़ी के वरिष्ठ हेमंत दास, हनुमानगढ़ी के मुख्य पुजारी रमेश दास,श्रीराम कथा के मर्मज्ञ चंद्रांशु महाराज, महंत दामोदर दास, महंत विजय रामदास, अमर सिंह, विनोद सिंह, डॉ एमपी यादव , पार्षद अंकित त्रिपाठ श्री चंद्र यादव सहित सैकड़ो संतो महंतों श्रद्धांजलि अर्पित की।
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